भाई जीवन सिंह जी (भाई जेटा जी) – जयंती: 13 दिसंबर 1649
भाई जीवन सिंह जी सिख इतिहास के महान वीर और बलिदानी योद्धा थे। उनका जन्म 13 दिसंबर 1649 को हुआ था। वे गुरु तेग बहादुर जी और गुरु गोबिंद सिंह जी के परम सेवक रहे।
🔶 गुरु तेग बहादुर जी की महान सेवा (1675)
जब मुगल शासक औरंगज़ेब ने गुरु तेग बहादुर जी को दिल्ली में शहीद कर दिया, तब वातावरण अत्यंत भयावह था।
उस समय भाई जेटा जी ने अद्वितीय साहस दिखाते हुए:
गुरु जी का शीश उठाया
उसे कपड़े में छिपाकर दिल्ली से आनंदपुर साहिब तक सुरक्षित पहुँचाया
यह कार्य जान जोखिम में डालकर किया गया था।
👉 इस महान सेवा से प्रसन्न होकर गुरु गोबिंद सिंह जी ने उन्हें “भाई जीवन सिंह” की उपाधि दी।
⚔️खालसा योद्धा के रूप में
1699 में खालसा पंथ की स्थापना के बाद, भाई जीवन सिंह जी ने अमृत छककर खालसा रूप धारण किया।
वे गुरु गोबिंद सिंह जी के प्रमुख सेनानायकों में से एक बने।
आनंदपुर साहिब की रक्षा में अनेक युद्ध लड़े।
🛡️ युद्ध चमकौर (1705)
मुगल सेना के साथ निर्णायक युद्ध
सीमित संख्या में होते हुए भी अद्वितीय शौर्य दिखाया
अंततः धर्म और गुरु की रक्षा करते हुए वीरगति को प्राप्त हुए
🌸 प्रेरणा
उनका जीवन आज भी सिखों ही नहीं, बल्कि सम्पूर्ण मानवता के लिए प्रेरणा है—
सत्य, न्याय और धर्म की रक्षा के लिए हर त्याग स्वीकार।
🙏भाई जीवन सिंह जी की जयंती पर कोटि-कोटि नमन।
वाहेगुरु जी का खालसा, वाहेगुरु जी की फतेह।


















