🌸आपको देवउठनी एकादशी की हार्दिक शुभकामनाएं!
💫भगवान श्री विष्णु और माता लक्ष्मी जी की कृपा से –
आपके जीवन में सुख, समृद्धि, शांति और मंगल की वर्षा हो।
सभी कार्य सिद्ध हों, और हर दिन खुशियों से भरा रहे।
“देव उठे, सुख संपत्ति जागे,
भक्ति का दीप हर हृदय में लागे।
शुभ हो जीवन का हर क्षण,
जय श्री विष्णु, जय लक्ष्मी नंदन!
🌹देवउठी एकादशी (जिसे प्रबोधिनी एकादशी या देवोत्थान एकादशी भी कहा जाता है) हिन्दू धर्म का एक अत्यंत महत्वपूर्ण व्रत और पर्व है।
यह कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को मनाया जाता है –
आमतौर पर दीपावली के लगभग 11 दिन बाद होता है।
✨देवउठी एकादशी का महत्व✨
मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु 4 महीने की योगनिद्रा (चातुर्मास) से जागते हैं।
आषाढ़ शुक्ल एकादशी (जिसे हरिशयनी एकादशी कहते हैं) के दिन विष्णुजी क्षीरसागर में शयन करते हैं, और कार्तिक शुक्ल एकादशी को जागते हैं।
इसलिए इस दिन को देवउठनी या देवोत्थान एकादशी कहा जाता है- यानी “देवों का उठना।
▲ धार्मिक महत्त्व✨
इस दिन से शुभ कार्यों (जैसे विवाह, गृहप्रवेश, उपनयन आदि) की पुनः शुरुआत होती है।
लोग भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करते हैं, तुलसी विवाह करते हैं, और व्रत रखते हैं।
यह दिन तुलसी विवाह के लिए विशेष रूप से प्रसिद्ध है-
माना जाता है कि इसी दिन तुलसी माता का विवाह भगवान शालिग्राम (विष्णु) से हुआ था।



















