डॉ. भीमराव रामजी अंबेडकर
06 दिसंबर 1956, पुण्यतिथि, स्थान महू (मध्य प्रदेश)
“डॉ. भीमराव अंबेडकर के संघर्ष और योगदान को सलाम! उनकी विचारधारा हमेशा हमारे मार्गदर्शन में रहेगी।
06 दिसंबर 1956 को डॉ. भीमराव अंबेडकर का निधन हुआ।
उनका निधन एक ऐसा पल था, जिसने भारत ही नहीं, बल्कि पूरे विश्व को एक गहरी चुप्पी में डाल दिया।
वे महज 65 वर्ष के थे, लेकिन इस छोटे से जीवन में उन्होंने जो कुछ भी किया, वह देश और समाज के लिए अमूल्य योगदान के रूप में स्थापित हो गया।
डॉ. अंबेडकर की पुण्यतिथि हर साल न केवल भारत में, बल्कि विदेशों में भी मनाई जाती है। यह दिन उनके जीवन और योगदान को याद करने का, और उनके सिद्धांतों, विचारों और संघर्षों को आगे बढ़ाने का दिन बन गया है।
उनका जीवन एक प्रेरणा है, जिसने हमें न केवल अपनी पहचान बनाने की शक्ति दी, बल्कि हमें अपने अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक भी किया।



















